
सक्ती। सक्ती जिले के जोंगरा गांव में 26 जून को हुई पूर्णिमा चौहान उर्फ पूनम की गोली मारकर हत्या के मामले का पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। जांच में सामने आया कि हत्या प्रेम संबंध के चलते रची गई साजिश का नतीजा थी। मृतका के प्रेम संबंध से परेशान होकर आरोपी मुरलीशंकर चौहान और उसकी पत्नी चम्पा चौहान ने 4 लाख रुपये की सुपारी देकर हत्या करवाई थी। पुलिस ने इस मामले में झारखंड, महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ से कुल 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस के अनुसार, घटना के बाद विशेष टीम गठित कर मोबाइल टावर डंप, कॉल डिटेल और सीसीटीवी फुटेज का गहन विश्लेषण किया गया। जांच में पता चला कि मृतका पूर्णिमा चौहान और मुरलीशंकर चौहान के बीच प्रेम संबंध थे। मुरलीशंकर के दूरी बनाने के बावजूद पूर्णिमा उस पर शादी का दबाव बना रही थी, जिससे परेशान होकर मुरलीशंकर और उसकी पत्नी चम्पा ने उसे रास्ते से हटाने की साजिश रची।
दोनों ने झारखंड में रह रहे राजेंद्र महंत से संपर्क कर 4 लाख रुपये में हत्या की सुपारी दी। योजना के तहत 26 जून को गौरीशंकर सिदार और सुनील महंत मोटरसाइकिल से जोंगरा पहुंचे, जहां गौरीशंकर ने पिस्तौल से पूर्णिमा को गोली मार दी और दोनों फरार हो गए। घटना के बाद सुपारी की रकम का बंटवारा भी किया गया।
पुलिस ने झारखंड के जमशेदपुर और महाराष्ट्र के पुणे सहित विभिन्न स्थानों पर दबिश देकर सभी आरोपियों को गिरफ्तार किया। आरोपियों के कब्जे से हत्या में प्रयुक्त पिस्तौल, 4 जिंदा कारतूस, घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल, मोबाइल फोन, बैंक पासबुक तथा नगदी राशि बरामद की गई। घटनास्थल से तीन खाली कारतूस भी जब्त किए गए हैं।
पुलिस ने मामले में चम्पा चौहान, मुरलीशंकर चौहान, राजेंद्र महंत, गौरीशंकर सिदार, सुनील महंत, राकेश महंत, वेदप्रकाश महंत उर्फ सोनू, सुमित गबेल और चंद्रशेखर महंत को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया है।
इस अंधे कत्ल का खुलासा पुलिस महानिरीक्षक के निर्देशन, पुलिस अधीक्षक प्रफुल्ल ठाकुर के मार्गदर्शन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पंकज पटेल, एसडीओपी डॉ. भुवनेश्वरी पैंकरा और सक्ती थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई से संभव हुआ।






